Sunday, 26 November 2017

काश हम आपसे मिल पाते,
आपको अपने गले से लगा पाते,
नजरें तरसती है आपके दीदार को,
कुछ पल ही सही,
पर काश हम आपकी सिर्फ़ एक झलक भी देख पाते..........!!

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जिनके इरादे 'मेहनत' की स्याही से लिखे होत है... उनकी 'किस्मत' के पन्ने कभी खाली नहीं होते...!!