Friday, 5 January 2018

अधूरा ही रह जाता है हर अल्फाज,
मेरी शायरी का आपके अहसास की खुश्बू के बिना.........!!

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जिनके इरादे 'मेहनत' की स्याही से लिखे होत है... उनकी 'किस्मत' के पन्ने कभी खाली नहीं होते...!!